वो मेरे लिए जिस क़दर ख़ास थी, मैं उस के लिए उतना ही आम था
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हम भी दरिया हैं हमें अपना हुनर मालूम है जिस तरफ़ भी चल पड़ेंगे रास्ता हो जाएगा
Bashir Badr
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माना कि तेरी दीद के क़ाबिल नहीं हूँ मैं तू मेरा शौक़ देख मिरा इंतिज़ार देख
Allama Iqbal
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हुआ ही क्या जो वो हमें मिला नहीं बदन ही सिर्फ़ एक रास्ता नहीं ये पहला इश्क़ है तुम्हारा सोच लो मेरे लिए ये रास्ता नया नहीं
Azhar Iqbal
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मुद्दतों बा'द इक शख़्स से मिलने के लिए आइना देखा गया, बाल सँवारे गए
Jaun Elia
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उसे किसी से मोहब्बत थी और वो मैं नहीं था ये बात मुझ सेे ज़ियादा उसे रुलाती थी
Ali Zaryoun
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या तो हासिल हो बस मुझे वो शख़्स या तो सब पर हराम हो जाए
Yamir Ahsan
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ले जाऊँ सफ़र ये सितारों से आगे मगर तुम बढ़ो तो इशारों से आगे
Yamir Ahsan
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तमाम रात एक शख़्स के लिए जला के छोड़ रक्खे थे सभी दिए
Yamir Ahsan
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मेरे लब से हटा के इक सिगरेट अपनी आदत लगा गया कोई
Yamir Ahsan
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इश्क़ महँगा पड़ रहा है तुम को यामिर ज़ख़्म किश्तों में अभी तक मिल रहे हैं
Yamir Ahsan
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