उठा के लाते हैं सहरा से रोज़ ख़ुद को हम बड़े सलीक़े से इक याद छोड़ आती है
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हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो
Jaun Elia
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मंज़िलें क्या हैं, रास्ता क्या है हौसला हो तो फ़ासला क्या है
Aalok Shrivastav
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उस को फ़ुर्सत नहीं मिलती कि पलट कर देखे हम ही दीवाने हैं दीवाने बने रहते हैं
Waseem Barelvi
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हम भी दरिया हैं हमें अपना हुनर मालूम है जिस तरफ़ भी चल पड़ेंगे रास्ता हो जाएगा
Bashir Badr
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मेरे आँसू नहीं थम रहे कि वो मुझ सेे जुदा हो गया और तुम कह रहे हो कि छोड़ो अब ऐसा भी क्या हो गया मय-कदों में मेरी लाइनें पढ़ते फिरते हैं लोग मैं ने जो कुछ भी पी कर कहा फ़लसफ़ा हो गया
Tehzeeb Hafi
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अश्क़-ओ-ख़ून घुलते हैं तब दीदा-ए-तर बनती है दास्तान इश्क़ में मरने से अमर बनती है
Jaani Lakhnavi
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ज़िंदगी हम ने तुझे दूर से पहचाना है तू किसी रिन्द का उजड़ा हुआ मैख़ाना है
Jaani Lakhnavi
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हैरान इस क़दर भी हमपर न हों ख़ुदारा एक शक़्स बच गया है नाराज़ कर रहे हैं
Jaani Lakhnavi
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कुछ तबीयत में उदासी भी हुआ करती है हर कोई इश्क़ का मारा हो, ज़रूरी तो नहीं
Jaani Lakhnavi
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