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जाने कैसे ख़ुश रहने की आदत डाली जाती है उन के यहाँ तो बारिश में भी धूप निकाली जाती है

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बिछड़ गए तो ये दिल उम्र भर लगेगा नहीं लगेगा लगने लगा है मगर लगेगा नहीं नहीं लगेगा उसे देख कर मगर ख़ुश है मैं ख़ुश नहीं हूँ मगर देख कर लगेगा नहीं

Umair Najmi

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उजाले अपनी यादों के हमारे साथ रहने दो न जाने किस गली में ज़िंदगी की शाम हो जाए

Bashir Badr

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घर में भी दिल नहीं लग रहा काम पर भी नहीं जा रहा जाने क्या ख़ौफ़ है जो तुझे चूम कर भी नहीं जा रहा रात के तीन बजने को है यार ये कैसा महबूब है जो गले भी नहीं लग रहा और घर भी नहीं जा रहा

Tehzeeb Hafi

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ख़ुशी से काँप रही थीं ये उँगलियाँ इतनी डिलीट हो गया इक शख़्स सेव करने में

Fahmi Badayuni

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ज़मीं पे घर बनाया है मगर जन्नत में रहते हैं हमारी ख़ुश-नसीबी है कि हम भारत में रहते हैं

Mehshar Afridi

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छुआ है तुम ने भी इक रोज़ हम को ये ख़ुशबू देर तक महका करेगी तुम्हारे हाथ सालों तक ये दुनिया हमारे नाम पे चूमा करेगी

Ritesh Rajwada

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हर ख़ुशी मुस्कुरा के कहती है दर्द बनकर छुपे हुए हो तुम आज आब-ओ-हवा में ख़ुश्बू है लग रहा है घुले हुए हो तुम

Ritesh Rajwada

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ज़्यादा मीठा हो तो चींटा लग जाता है सच्चे इश्क़ को अक्सर बट्टा लग जाता है हम ने अपनी जान गंवाई तब जाना भाव मिले तो कुछ भी सट्टा लग जाता है

Ritesh Rajwada

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रोज़ रोएँगे दिल जलाएँगे एक दिन थक के बैठ जाएँगे कौन हम को गले लगाता है हम किसे दास्ताँ सुनाएँगे

Ritesh Rajwada

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तेरा पीछा करते करते जाने क्यूँ मैं दुनियादारी से पीछे छूट गया तू ने तो ऐ जान महज़ दिल तोड़ा था तू क्या जाने मैं अंदर तक टूट गया

Ritesh Rajwada

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