यहाँ जो पानियों के बुलबुले हैं हमारी जान लेने पर तुले हैं
Related Sher
शाख़ों से टूट जाएँ वो पत्ते नहीं हैं हम आँधी से कोई कह दे कि औक़ात में रहे
Rahat Indori
435 likes
नाम पे हम क़ुर्बान थे उस के लेकिन फिर ये तौर हुआ उस को देख के रुक जाना भी सब से बड़ी क़ुर्बानी थी मुझ से बिछड़ कर भी वो लड़की कितनी ख़ुश ख़ुश रहती है उस लड़की ने मुझ से बिछड़ कर मर जाने की ठानी थी
Jaun Elia
183 likes
उस की तस्वीरें हैं दिलकश तो होंगी जैसी दीवारें हैं वैसा साया है एक मैं हूँ जो तेरे क़त्ल की कोशिश में था एक तू है जो जेल में खाना लाया है
Tehzeeb Hafi
192 likes
इस लिए ये महीना ही शामिल नहीं उम्र की जंत्री में हमारी उस ने इक दिन कहा था कि शादी है इस फरवरी में हमारी
Tehzeeb Hafi
184 likes
अब उस जानिब से इस कसरत से तोहफ़े आ रहे हैं कि घर में हम नई अलमारियाँ बनवा रहे हैं
Tehzeeb Hafi
138 likes
More from Saarthi Baidyanath
तुम को न देखने की क़सम खा चुके तो हैं तुम को न चाहने की क़सम कैसे खाएं हम
Saarthi Baidyanath
0 likes
तुम्हीं बताओ हमें इस में क्या ख़राबी है अजी नवाब हैं हम शौक़ भी नवाबी है
Saarthi Baidyanath
0 likes
ज़िन्दगी ले रही मज़े मेरी मैं मज़े ज़िन्दगी के ले रहा हूँ
Saarthi Baidyanath
0 likes
वतन के वास्ते सबके फ़राइज़ हैं वतन की बात करना भी ज़रूरी है
Saarthi Baidyanath
0 likes
वो मेरे जेब की घड़ी तो है पर मेरी बात मानती ही नहीं
Saarthi Baidyanath
0 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Saarthi Baidyanath.
Similar Moods
More moods that pair well with Saarthi Baidyanath's sher.







