आशिक़ हूँ आशिक़ों में सभी से ज़ुदा हूँ मैं माशूक़ हूँ ख़ुदी का ख़ुद अपना ख़ुदा हूँ मैं
Related Sher
कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
521 likes
शाख़ों से टूट जाएँ वो पत्ते नहीं हैं हम आँधी से कोई कह दे कि औक़ात में रहे
Rahat Indori
435 likes
तेरी सूरत से है आलम में बहारों को सबात तेरी आँखों के सिवा दुनिया में रक्खा क्या है
Faiz Ahmad Faiz
401 likes
माना कि तेरी दीद के क़ाबिल नहीं हूँ मैं तू मेरा शौक़ देख मिरा इंतिज़ार देख
Allama Iqbal
296 likes
बंसी सब सुर त्यागे है, एक ही सुर में बाजे है हाल न पूछो मोहन का, सब कुछ राधे राधे है
Zubair Ali Tabish
325 likes
More from Ajeetendra Aazi Tamaam
ज़िंदगी भी आख़िरश तंहाई है मैं भला तन्हाई से क्यूँ डर गया
Ajeetendra Aazi Tamaam
0 likes
तमाम उम्र हमें साथ साथ चलना है बस इतना कह के सफ़र कर लिया जुदा उस ने
Ajeetendra Aazi Tamaam
0 likes
तन्हाई में अक्सर हद से गुजरती है जीने नहीं देती यादों की पुरवाई
Ajeetendra Aazi Tamaam
0 likes
ये कभी भी दग़ा नहीं करतीं चल किताबों से इश्क़ करते हैं
Ajeetendra Aazi Tamaam
1 likes
ये कह कर रूह ने छोड़ा बदन इक किसी का बोझ कोई क्यूँ उठाए
Ajeetendra Aazi Tamaam
1 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Ajeetendra Aazi Tamaam.
Similar Moods
More moods that pair well with Ajeetendra Aazi Tamaam's sher.







