अभी चाहिए और कितनी बुलंदी कि सहमा है सूरज इमारत के पीछे
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ये मैं ने कब कहा कि मेरे हक़ में फ़ैसला करे अगर वो मुझ से ख़ुश नहीं है तो मुझे जुदा करे मैं उस के साथ जिस तरह गुज़ारता हूँ ज़िंदगी उसे तो चाहिए कि मेरा शुक्रिया अदा करे
Tehzeeb Hafi
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उस की हर इक याद में लज़्ज़त होती है पहली मोहब्बत पहली मोहब्बत होती है तेरे साथ नहीं हैं तो एहसास हुआ इक तस्वीर की कितनी क़ीमत होती है
Aadil Rasheed
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आओ गले मिल कर ये देखें अब हम में कितनी दूरी है
Shariq Kaifi
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कुछ इशारा जो किया हम ने मुलाक़ात के वक़्त टाल कर कहने लगे दिन है अभी रात के वक़्त
Insha Allah Khan
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ये बहस छोड़ कि कितनी हसीन है दुनिया तू ये बता कि तेरा दिल कहीं लगा कि नहीं
Vijay Sharma
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सजदे करो लाखों मगर मालूम है ना इश्क़ है गर मिल गए तो ठीक वरना जानलेवा इश्क़ है संगम के पानी की तरह तुम सेे मेरा दिल मिल गया ये जान कर भी सोचती हो क्या भरोसा इश्क़ है पूछा किसी ने माँ से चुप कब से है तेरा लाडला कहने लगी जिस दिन मुझे इसने कहा था इश्क़ है मन्नत से शायद अपको जन्नत तो मिल भी सकती है पर वो मिलेगा जब उसे एहसास होगा इश्क़ है शिद्दत जुनूँ दीवानगी काफ़ी नहीं हैं इश्क़ में करना पड़ेगा सब्र 'मोहित' मोक्ष पाना इश्क़ है
Kanha Mohit
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मेरे नज़दीक आई बा'द उस के और दो लड़की उदासी और तन्हाई मुझे पागल बना देंगी
Kanha Mohit
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सभी को बोझ लगता है मेरा होना ज़माने में अगर मैं बोझ बन जाऊँ मेरे पँखे के ऊपर तो
Kanha Mohit
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रात से तेरी बातें मैं करता रहा चाँद बैठा रहा सुब्ह तक रू-ब-रू
Kanha Mohit
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जब भी उस को बोलता हूँ प्यार का इज़हार कर बोलती है सब्र कर तू सब्र कर तू सब्र कर
Kanha Mohit
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