अकेले पन का ये एहसास कुछ ऐसे भुलाता हूँ मैं उस के लिक्खे गीतों को हमेशा गुनगुनाता हूँ मैं उस को फ़ोन करता हूँ वो मुझ को डाँट देती है ये डर भी इस क़दर है सर से पा तक थरथराता हूँ
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तुम पूछो और मैं न बताऊँ ऐसे तो हालात नहीं एक ज़रा सा दिल टूटा है और तो कोई बात नहीं
Qateel Shifai
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मेरे होंटों पे अपनी प्यास रख दो और फिर सोचो कि इस के बा'द भी दुनिया में कुछ पाना ज़रूरी है
Waseem Barelvi
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सैर कर दुनिया की ग़ाफ़िल ज़िंदगानी फिर कहाँ ज़िंदगी गर कुछ रही तो ये जवानी फिर कहाँ
Khwaja Meer Dard
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कुछ बात है कि हस्ती मिटती नहीं हमारी सदियों रहा है दुश्मन दौर-ए-ज़माँ हमारा
Allama Iqbal
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बंसी सब सुर त्यागे है, एक ही सुर में बाजे है हाल न पूछो मोहन का, सब कुछ राधे राधे है
Zubair Ali Tabish
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उस को मैं दुल्हन बना लाऊँ मिरे बस में नहीं रब्बा मेरे उस की हाँ भी चाहिए इस के लिए
Jay kishan
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इबादत करूँँ कैसे अब मैं ख़ुदा की मेरे सामने तेरे रुख़्सार जो हैं मुझे तो कोई अब नज़र भी न आता मेरी नज़रें तेरी गिरफ़्तार जो हैं
Jay kishan
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हम ने समझाया है दुनिया को ये दोस्ती जीना भी है मरना भी यारी में जान गए हम सब कुछ दुनिया में हँसना भी है रोना भी
Jay kishan
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उस के माथे पर होंट रखे तो एहसास हुआ मुझ को पारस को छू कर पत्थर सोना कैसे बन जाता है
Jay kishan
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आदमी तो नहीं ख़ुदा हूँ मैं इल्म है मुझ को इस भरम का भी
Jay kishan
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