ख़ुदा की क़सम बाग़ी हो जाएँगे मोहब्बत में हम बाग़ी हो जाएँगे अगर ख़ुशियाँ ज़्यादा दिनों तक रही तो मेरे ये ग़म बाग़ी हो जाएँगे
Related Sher
तुम्हें हुस्न पर दस्तरस है मोहब्बत वोहब्बत बड़ा जानते हो तो फिर ये बताओ कि तुम उस की आँखों के बारे में क्या जानते हो ये जुग़राफ़िया फ़ल्सफ़ा साईकॉलोजी साइंस रियाज़ी वग़ैरा ये सब जानना भी अहम है मगर उस के घर का पता जानते हो
Tehzeeb Hafi
1279 likes
शायद मुझे किसी से मोहब्बत नहीं हुई लेकिन यक़ीन सब को दिलाता रहा हूँ मैं
Jaun Elia
839 likes
किसी को घर से निकलते ही मिल गई मंज़िल कोई हमारी तरह उम्र भर सफ़र में रहा
Ahmad Faraz
594 likes
बिछड़ कर उस का दिल लग भी गया तो क्या लगेगा वो थक जाएगा और मेरे गले से आ लगेगा मैं मुश्किल में तुम्हारे काम आऊँ या ना आऊँ मुझे आवाज़ दे लेना तुम्हें अच्छा लगेगा
Tehzeeb Hafi
751 likes
हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो
Jaun Elia
563 likes
More from Sachin Sharma
राम मय हो गया नगर देखो सज रही फूलों से डगर देखो राम तो सब के हो ही जाते है राम के हो के तुम अगर देखो
Sachin Sharma
0 likes
शे'र कहने के न चक्कर में पड़े कुछ नहीं होगा यूँँ बिस्तर में पड़े हो के ग़ुस्से में पिताजी ने कहा तोड़ते हो रोटियाँ घर में पड़े
Sachin Sharma
0 likes
पूछते हैं सबब लाल आँखों का सब कहता हूँ रात में जगने वाला हूँ मैं
Sachin Sharma
0 likes
शे'र हल्के हैं ये मेरे भारी पड़ते हैं ये लेकिन
Sachin Sharma
0 likes
किस को चाहती है और किस सेे प्रेम करती है मुहब्बत में कोई तुक्का कभी आसाँ नहीं होता
Sachin Sharma
0 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Sachin Sharma.
Similar Moods
More moods that pair well with Sachin Sharma's sher.







