पहले ज़िंदगी के तुम अजाब देखो फिर गर चाहो तो इस के ख़िताब देखो
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ये अलग बात कि ख़ामोश खड़े रहते हैं फिर भी जो लोग बड़े हैं, वो बड़े रहते हैं
Rahat Indori
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ख़ुदी को कर बुलंद इतना कि हर तक़दीर से पहले ख़ुदा बंदे से ख़ुद पूछे बता तेरी रज़ा क्या है
Allama Iqbal
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कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
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हज़ार इश्क़ करो लेकिन इतना ध्यान रहे कि तुम को पहली मोहब्बत की बद-दुआ न लगे
Abbas Tabish
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बड़े नादान हो तुम भी ज़रा समझा करो बातें गले मिल कर जो रोती है बिछड़ कर कितना रोएगी
Ankita Singh
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अच्छे ख़ासे उदासी में बैठे थे हम कैमरा देख के हम को हँसना पड़ा
Amit Kumar
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सीख ली मैं ने भी दुनियादारी वर्ना मैं ख़ुद-कुशी से मर जाता
Amit Kumar
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ये निशानी रख लो अपनी पास अपने क्या करूँँगा अब मैं इक पुर्ज़ा बचाकर
Amit Kumar
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नहीं है बचा कुछ भी अब पास मेरे चले जा चुके हैं सभी ख़ास मेरे उसे याद मैं जो न रक्खा करूँँ तो नहीं आती दुनिया भी ये रास मेरे
Amit Kumar
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पहले ज़िंदगी के तुम अजाब देखो फिर गर चाहो तो इस के ख़िताब देखो
Amit Kumar
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