shagird tarz-e-khanda-zani mein hai gul tera ustad-e-andalib hain soz-o-fughan mein hum
Related Sher
परों को खोल ज़माना उड़ान देखता है ज़मीं पे बैठ के क्या आसमान देखता है
Shakeel Azmi
283 likes
दिल ना-उमीद तो नहीं नाकाम ही तो है लंबी है ग़म की शाम मगर शाम ही तो है
Faiz Ahmad Faiz
267 likes
मैं ने उस सेे प्यार किया है मिल्किय्यत का दावा नइँ वो जिस के भी साथ है मैं उस को भी अपना मानता हूँ
Ali Zaryoun
228 likes
तुम्हें हुस्न पर दस्तरस है मोहब्बत वोहब्बत बड़ा जानते हो तो फिर ये बताओ कि तुम उस की आँखों के बारे में क्या जानते हो ये जुग़राफ़िया फ़ल्सफ़ा साईकॉलोजी साइंस रियाज़ी वग़ैरा ये सब जानना भी अहम है मगर उस के घर का पता जानते हो
Tehzeeb Hafi
1279 likes
बिछड़ गए तो ये दिल उम्र भर लगेगा नहीं लगेगा लगने लगा है मगर लगेगा नहीं नहीं लगेगा उसे देख कर मगर ख़ुश है मैं ख़ुश नहीं हूँ मगर देख कर लगेगा नहीं
Umair Najmi
1244 likes
More from Haidar Ali Aatish
न पूछ हाल मिरा चोब-ए-ख़ुश्क-ए-सहरा हूँ लगा के आग मुझे कारवाँ रवाना हुआ
Haidar Ali Aatish
5 likes
बे-गिनती बोसे लेंगे रुख़-ए-दिल-पसंद के आशिक़ तिरे पढ़े नहीं इल्म-ए-हिसाब को
Haidar Ali Aatish
15 likes
उठ गई हैं सामने से कैसी कैसी सूरतें रोइए किस के लिए किस किस का मातम कीजिए
Haidar Ali Aatish
8 likes
कुछ नज़र आता नहीं उस के तसव्वुर के सिवा हसरत-ए-दीदार ने आँखों को अंधा कर दिया
Haidar Ali Aatish
39 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Haidar Ali Aatish.
Similar Moods
More moods that pair well with Haidar Ali Aatish's sher.







