शह-सवारों ने रौशनी माँगी मैं ने बैसाखियाँ जला डालीं
Related Sher
कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
521 likes
माना कि तेरी दीद के क़ाबिल नहीं हूँ मैं तू मेरा शौक़ देख मिरा इंतिज़ार देख
Allama Iqbal
296 likes
उसे किसी से मोहब्बत थी और वो मैं नहीं था ये बात मुझ सेे ज़ियादा उसे रुलाती थी
Ali Zaryoun
361 likes
ये दुख अलग है कि उस सेे मैं दूर हो रहा हूँ ये ग़म जुदा है वो ख़ुद मुझे दूर कर रहा है तेरे बिछड़ने पर लिख रहा हूँ मैं ताज़ा ग़ज़लें ये तेरा ग़म है जो मुझ को मशहूर कर रहा है
Tehzeeb Hafi
394 likes
तुम्हारे नाम की हर लड़की से मिला हूँ मैं तुम्हारा नाम फ़क़त तुम पे अच्छा लगता है
Unknown
114 likes
More from Fahmi Badayuni
मेरी पहली नज़र लौटा दे मुझ को तेरी जानिब दुबारा देखना है
Fahmi Badayuni
0 likes
कमरा खोला तो आँख भर आई ये जो ख़ुशबू है जिस्म थी पहले
Fahmi Badayuni
0 likes
जो मोहब्बत लुटाया करते थे वो तराज़ू ख़रीद लाए हैं
Fahmi Badayuni
10 likes
आप तशरीफ़ लाए थे इक रोज़ दूसरे रोज़ ए'तिबार हुआ
Fahmi Badayuni
34 likes
आज पैवंद की ज़रूरत है ये सज़ा है रफ़ू न करने की
Fahmi Badayuni
27 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Fahmi Badayuni.
Similar Moods
More moods that pair well with Fahmi Badayuni's sher.







