तब भी कश्ती ख़ुदा चलाता है जब कोई नाख़ुदा नहीं होता
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बिछड़ गए तो ये दिल उम्र भर लगेगा नहीं लगेगा लगने लगा है मगर लगेगा नहीं नहीं लगेगा उसे देख कर मगर ख़ुश है मैं ख़ुश नहीं हूँ मगर देख कर लगेगा नहीं
Umair Najmi
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शायद मुझे किसी से मोहब्बत नहीं हुई लेकिन यक़ीन सब को दिलाता रहा हूँ मैं
Jaun Elia
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किसी को घर से निकलते ही मिल गई मंज़िल कोई हमारी तरह उम्र भर सफ़र में रहा
Ahmad Faraz
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मुझ से मत पूछो के उस शख़्स में क्या अच्छा है अच्छे अच्छों से मुझे मेरा बुरा अच्छा है किस तरह मुझ से मुहब्बत में कोई जीत गया ये न कह देना के बिस्तर में बड़ा अच्छा है
Tehzeeb Hafi
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हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो
Jaun Elia
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वो हाथों से निकलते जा रहे हैं जिन्हें सर पे बिठाना चाहता हूँ
Wajid Husain Sahil
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वो फिर सताने लगे याद हम को आ कर के जिन्हें भुलाया था हम ने खु़दा- ख़ुदा कर के
Wajid Husain Sahil
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सवाल अपनी अना का जहाँ भी आ जाए वहाँ पे सर नहीं पगड़ी बचानी पड़ती है
Wajid Husain Sahil
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इक तेरा नाम याद रखते हैं बाकी हर काम भूल जाते हैं
Wajid Husain Sahil
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जुदा होकर कोई अपनो से ऐसा टूट जाता है की जैसे चोट से पत्थर की शीशा टूट जाता है मुझे डोली उठानी थी मगर मय्यत उठाता हूँ है ये भी फ़र्ज़ पर इस में तो काँधा टूट जाता है
Wajid Husain Sahil
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