sherKuch Alfaaz

है नुक़्ता यही जिस पर ईमान सभी का है आया है जो दुनिया में लाज़िम उसे जाना है बर्दाश्त नहीं करतीं कहती हैं ये जागीरें तुम तो गए दुनिया से बस नाम हटाना है

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क्या ख़बर कौन था वो, और मेरा क्या लगता था जिस सेे मिल कर मुझे, हर शख़्स बुरा लगता था

Tehzeeb Hafi

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वो जिस पर उस की रहमत हो वो दौलत माँगता है क्या मोहब्बत करने वाला दिल मोहब्बत माँगते है क्या तुम्हारा दिल कहे जब भी उजाला बन के आ जाना कभी उगता हुआ सूरज इजाज़त माँगता है क्या

Ankita Singh

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प्यार दो बार थोड़ी होता है हो तो फिर प्यार थोड़ी होता है यही बेहतर है तुम उसे रोको मुझ सेे इनकार थोड़ी होता है

Zubair Ali Tabish

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अब उस सेे दोस्ती है जिस सेे कल मुहब्बत थी अब इस सेे ज़्यादा बुरा वक़्त कुछ नहीं है दोस्त

Vishal Singh Tabish

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मैं तुम्हें बद्दुआएं देता हूँ ताकि तुम मेरा दर्द जान सको तुम जिसे चाहते हो मर जाए और तुम उस के बा'द ज़िंदा रहो

Afkar Alvi

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