hum khuda ke kabhi qail hi na the un ko dekha to khuda yaad aaya towards the creator, i was not inclined but then i saw her, and he came to mind
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ये दुख अलग है कि उस सेे मैं दूर हो रहा हूँ ये ग़म जुदा है वो ख़ुद मुझे दूर कर रहा है तेरे बिछड़ने पर लिख रहा हूँ मैं ताज़ा ग़ज़लें ये तेरा ग़म है जो मुझ को मशहूर कर रहा है
Tehzeeb Hafi
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हमारे बा'द तेरे इश्क़ में नए लड़के बदन तो चू मेंगे ज़ुल्फ़ें नहीं सँवारेंगे
Vikram Gaur Vairagi
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हम भी दरिया हैं हमें अपना हुनर मालूम है जिस तरफ़ भी चल पड़ेंगे रास्ता हो जाएगा
Bashir Badr
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तुम्हें हम भी सताने पर उतर आएँ तो क्या होगा तुम्हारा दिल दुखाने पर उतर आएँ तो क्या होगा हमें बदनाम करते फिर रहे हो अपनी महफ़िल में अगर हम सच बताने पर उतर आएँ तो क्या होगा
Santosh S Singh
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देखो हम कोई वहशी नहीं दीवाने हैं तुम सेे बटन खुलवाने नहीं लगवाने हैं
Varun Anand
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लगता है कई रातों का जागा था मुसव्विर तस्वीर की आँखों से थकन झाँक रही है
Unknown
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आस्था का रंग आ जाए अगर माहौल में एक राखी ज़िंदगी का रुख़ बदल सकती है आज
Unknown
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देखा न कोहकन कोई फ़रहाद के बग़ैर आता नहीं है फ़न कोई उस्ताद के बग़ैर
Unknown
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कुछ ख़ुशियाँ कुछ आँसू दे कर टाल गया जीवन का इक और सुनहरा साल गया
Unknown
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उस मुल्क की सरहद को कोई छू नहीं सकता जिस मुल्क की सरहद की निगहबान हैं आँखें
Unknown
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