जिस का दीवाना बना फिरता है ये शहर का शहर दोस्त वो शख़्स मुझे इतना भी अच्छा न लगा
Related Sher
हम को दिल से भी निकाला गया फिर शहर से भी हम को पत्थर से भी मारा गया फिर ज़हरस भी
Azm Shakri
157 likes
बात ही कब किसी की मानी है अपनी हठ पूरी कर के छोड़ोगी ये कलाई ये जिस्म और ये कमर तुम सुराही ज़रूर तोड़ोगी
Jaun Elia
161 likes
ज़मीं पे घर बनाया है मगर जन्नत में रहते हैं हमारी ख़ुश-नसीबी है कि हम भारत में रहते हैं
Mehshar Afridi
122 likes
कैसा दिल और इस के क्या ग़म जी यूँँ ही बातें बनाते हैं हम जी
Jaun Elia
155 likes
हुस्न बला का क़ातिल हो पर आख़िर को बेचारा है इश्क़ तो वो क़ातिल जिस ने अपनों को भी मारा है ये धोखे देता आया है दिल को भी दुनिया को भी इस के छल ने खार किया है सहरा में लैला को भी
Jaun Elia
129 likes
More from Amaan Haider
लंबी नहीं चलेगी मेरी ज़िन्दगी की फ़िल्म थक जाऊँगा निभाके मैं किरदार अनक़रीब
Amaan Haider
0 likes
शिकवा करने वाले और कितनी तवज्जोह दूँ तुझे मैं तेरी चुप सुन रहा हूँ इतनी आवाज़ों के बीच
Amaan Haider
0 likes
मेरी तन्हाई की ग़िज़ा मत पूछ ख़ून पीती है जान खाती है
Amaan Haider
1 likes
चराग़ हूँ मैं ज़िद-ए-रौशनी न छोड़ूँगा हवाएँ कितनी लगाती रहें तमाचे मुझे
Amaan Haider
1 likes
ऐ परिंदों आनकर बैठो सर-ए-शाख़-ए-अज़ा हम दरख़्तों को शऊर-ए-मर्सिया ख़्वानी भी है
Amaan Haider
0 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Amaan Haider.
Similar Moods
More moods that pair well with Amaan Haider's sher.







