मैं उस सेे दूर था तो शोर था साजिश है, साजिश है उसे बाहों में खुलकर कस लिया दो पल तो हंगामा
Related Sher
देखो हम कोई वहशी नहीं दीवाने हैं तुम सेे बटन खुलवाने नहीं लगवाने हैं
Varun Anand
300 likes
माना कि तेरी दीद के क़ाबिल नहीं हूँ मैं तू मेरा शौक़ देख मिरा इंतिज़ार देख
Allama Iqbal
296 likes
मर चुका है दिल मगर ज़िंदा हूँ मैं ज़हर जैसी कुछ दवाएँ चाहिए पूछते हैं आप आप अच्छे तो हैं जी मैं अच्छा हूँ दुआएँ चाहिए
Jaun Elia
302 likes
उसे किसी से मोहब्बत थी और वो मैं नहीं था ये बात मुझ सेे ज़ियादा उसे रुलाती थी
Ali Zaryoun
361 likes
ये दुख अलग है कि उस सेे मैं दूर हो रहा हूँ ये ग़म जुदा है वो ख़ुद मुझे दूर कर रहा है तेरे बिछड़ने पर लिख रहा हूँ मैं ताज़ा ग़ज़लें ये तेरा ग़म है जो मुझ को मशहूर कर रहा है
Tehzeeb Hafi
394 likes
More from Kumar Vishwas
रात के जिस्म में जब पहला पियाला उतरा दूर दरिया में मेरे चाँद का हाला उतरा
Kumar Vishwas
48 likes
जिस्म चादर सा बिछ गया होगा रूह सिलवट हटा रही होगी
Kumar Vishwas
39 likes
हम कहाँ हैं ये पता लो तुम भी बात आधी तो सँभालो तुम भी
Kumar Vishwas
55 likes
मेरा ख़याल तेरी चुप्पियों को आता है तेरा ख़याल मेरी हिचकियों को आता है
Kumar Vishwas
51 likes
कोई दीवाना कहता है कोई पागल समझता है मगर धरती की बेचैनी को बस बादल समझता है
Kumar Vishwas
66 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Kumar Vishwas.
Similar Moods
More moods that pair well with Kumar Vishwas's sher.







