main wo sahra jise pani ki hawas le dubi tu wo baadal jo kabhi tut ke barsa hi nahin
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कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
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वो अफ़्साना जिसे अंजाम तक लाना न हो मुमकिन उसे इक ख़ूब-सूरत मोड़ दे कर छोड़ना अच्छा
Sahir Ludhianvi
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वो लड़ कर भी सो जाए तो उस का माथा चूमूँ मैं उस से मोहब्बत एक तरफ़ है उस से झगड़ा एक तरफ़
Varun Anand
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गुलाब ख़्वाब दवा ज़हर जाम क्या क्या है मैं आ गया हूँ बता इंतिज़ाम क्या क्या है
Rahat Indori
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मैं ने उस सेे प्यार किया है मिल्किय्यत का दावा नइँ वो जिस के भी साथ है मैं उस को भी अपना मानता हूँ
Ali Zaryoun
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झूट रौशन है कि सच्चाई नहीं जानते हैं लोग अब वहम-ओ-गुमाँ को ही यक़ीं जानते हैं
Sultan Akhtar
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फ़ुर्सत में रहा करते हैं फ़ुर्सत से ज़ियादा मसरूफ़ हैं हम लोग ज़रूरत से ज़ियादा
Sultan Akhtar
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होने को इस सफ़र में बहुत राएगाँ हुए लेकिन हमें शिकस्त का नौहा न जानिए
Sultan Akhtar
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मैं वो सहरा जिसे पानी की हवस ले डूबी तू वो बादल जो कभी टूट के बरसा ही नहीं
Sultan Akhtar
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