मना लिया है उसे फिर उसी की शर्तों पर तमाम उम्र किसे रूठने की फ़ुर्सत थी
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कभी जो ख़्वाब था वो पा लिया है मगर जो खो गई वो चीज़ क्या थी
Javed Akhtar
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ये प्यार तेरी भूल है क़ुबूल है मैं संग हूँ तू फूल है क़ुबूल है तू रूठेगी तो मैं मनाऊँगा नहीं जो रूल है वो रूल है क़ुबूल है
Varun Anand
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ज़िक्र हर-सू बिखर गया उस का कोई दीवाना मर गया उस का उस ने जी भर के मुझ को चाहा था और फिर जी ही भर गया उस का
Zubair Ali Tabish
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सैर कर दुनिया की ग़ाफ़िल ज़िंदगानी फिर कहाँ ज़िंदगी गर कुछ रही तो ये जवानी फिर कहाँ
Khwaja Meer Dard
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मेरे होंटों पे अपनी प्यास रख दो और फिर सोचो कि इस के बा'द भी दुनिया में कुछ पाना ज़रूरी है
Waseem Barelvi
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फिर तुम्हारे बराबर खड़ा शख़्स कुछ इस तरह से हँसा जैसे तुम ने बताया हो उस को है ये भी दीवाना मेरा
Shariq Kaifi
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कौन था वो जिस ने ये हाल किया है मेरा किस को इतनी आसानी से हासिल था मैं
Shariq Kaifi
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पिछली बेंच का बच्चा है दिल इस को हाथ उठाने देना
Shariq Kaifi
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उस धोके ने तोड़ दिया है इतना मुझ को अब कुछ भी समझा लेती है दुनिया मुझ को
Shariq Kaifi
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जितनी चाहे पी लो लेकिन ध्यान रहे तुम को घर पहुँचाने वाले अच्छे हों
Shariq Kaifi
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