पूर्ण अधिकार जिस पर हमारा रहा एक मुखड़ा जो आँखों का तारा रहा एक लड़का बदन जिस का ब्याहा गया एक लड़का जो मन से कुँवारा रहा
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शायद मुझे किसी से मोहब्बत नहीं हुई लेकिन यक़ीन सब को दिलाता रहा हूँ मैं
Jaun Elia
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किसी को घर से निकलते ही मिल गई मंज़िल कोई हमारी तरह उम्र भर सफ़र में रहा
Ahmad Faraz
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गले मिलना न मिलना तो तेरी मर्ज़ी है लेकिन तेरे चेहरे से लगता है तेरा दिल कर रहा है
Tehzeeb Hafi
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वो अफ़्साना जिसे अंजाम तक लाना न हो मुमकिन उसे इक ख़ूब-सूरत मोड़ दे कर छोड़ना अच्छा
Sahir Ludhianvi
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क्या ख़बर कौन था वो, और मेरा क्या लगता था जिस सेे मिल कर मुझे, हर शख़्स बुरा लगता था
Tehzeeb Hafi
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प्राण को देह से दूरी दे देगा कल राज्य धर्म ऐसी मजबूरी दे देगा कल एक धोबी ने अपराध तय कर दिया एक राजा भी मंज़ूरी दे देगा कल
Jatin shukla
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वर्ना तोहफ़े दिल्ली भेजे जाते पर चूड़ी का अपमान नहीं कर सकता मैं
Jatin shukla
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तुम्हारी कॉल आए या न आए तुम्हारी याद तो आती रहेगी
Jatin shukla
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मकाँ मालिक का रुत्बा चाहता है किराया-दार क़ब्ज़ा चाहता है
Jatin shukla
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हमारी शौक़ से ज़्यादा अहम घर की ज़रूरत है सो हम भी शौक़ मन की देहरी में क़ैद ऱखते हैं
Jatin shukla
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