तेरे दर पर सवाली आ गया है मगर ये हाथ ख़ाली आ गया है
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वो मुझ को छोड़ के जिस आदमी के पास गया बराबरी का भी होता तो सब्र आ जाता
Parveen Shakir
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गुलाब ख़्वाब दवा ज़हर जाम क्या क्या है मैं आ गया हूँ बता इंतिज़ाम क्या क्या है
Rahat Indori
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दिल ना-उमीद तो नहीं नाकाम ही तो है लंबी है ग़म की शाम मगर शाम ही तो है
Faiz Ahmad Faiz
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बिछड़ गए तो ये दिल उम्र भर लगेगा नहीं लगेगा लगने लगा है मगर लगेगा नहीं नहीं लगेगा उसे देख कर मगर ख़ुश है मैं ख़ुश नहीं हूँ मगर देख कर लगेगा नहीं
Umair Najmi
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तुम्हें हुस्न पर दस्तरस है मोहब्बत वोहब्बत बड़ा जानते हो तो फिर ये बताओ कि तुम उस की आँखों के बारे में क्या जानते हो ये जुग़राफ़िया फ़ल्सफ़ा साईकॉलोजी साइंस रियाज़ी वग़ैरा ये सब जानना भी अहम है मगर उस के घर का पता जानते हो
Tehzeeb Hafi
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ख़ुद के जो काम आ नहीं सकते मेरे क्या ख़ाक काम आएँगे
Afzal Sultanpuri
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ज़रा मेरा अक़ीदा मुख्तलिफ़ है तभी तुम दूर हम सेे जा रहे हो
Afzal Sultanpuri
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उन को लगता है सब तमाशा है वो मोहब्बत जो बे-तहाशा है
Afzal Sultanpuri
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अपनी आँखों का नूर खो बैठे जो मिली थी वो हूर खो बैठे
Afzal Sultanpuri
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अपनी मय्यत उठा नहीं सकता चार कंधों की अब ज़रूरत है
Afzal Sultanpuri
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