आँख में तिरे दबी हुई कोई शरार है रोष भी दिखे बहुत मुझे कभी कभार है
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शाख़ों से टूट जाएँ वो पत्ते नहीं हैं हम आँधी से कोई कह दे कि औक़ात में रहे
Rahat Indori
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चाँदी सोना एक तरफ़ तेरा होना एक तरफ़ एक तरफ़ तेरी आँखें जादू टोना एक तरफ़
Gyan Prakash Akul
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हमारे बा'द तेरे इश्क़ में नए लड़के बदन तो चू मेंगे ज़ुल्फ़ें नहीं सँवारेंगे
Vikram Gaur Vairagi
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तेरी सूरत से है आलम में बहारों को सबात तेरी आँखों के सिवा दुनिया में रक्खा क्या है
Faiz Ahmad Faiz
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कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
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सच बताओं मर्सिया-ख़्वानी किसे मालूम है आँख से बहता हुआ पानी किसे मालूम है
Manohar Shimpi
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यूँँ ही ऐसे आ मेरी ज़िंदगी में मुझे ख़बर कोई भी न हो तेरे ही सिवा कोई दूसरा कभी हम-सफ़र कोई भी न हो
Manohar Shimpi
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वहम करना अगर बुराई है तंज कसना कहाँ भलाई है
Manohar Shimpi
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वीरान यारों घर हुआ है अब वहाँ ख़ुशहाल था जर्जर हुआ है अब वहाँ
Manohar Shimpi
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ज़िक्र ज़ात-ओ-सिफ़ात भी होगा कोई फिर कुल्लियात भी होगा
Manohar Shimpi
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