आप बड़े थे आप बड़े हैं मैं छोटा था मैं छोटा हूँ आप खरे थे आप खरे हैं मैं खोटा था मैं खोटा हूँ
Related Sher
देखो हम कोई वहशी नहीं दीवाने हैं तुम सेे बटन खुलवाने नहीं लगवाने हैं
Varun Anand
300 likes
माना कि तेरी दीद के क़ाबिल नहीं हूँ मैं तू मेरा शौक़ देख मिरा इंतिज़ार देख
Allama Iqbal
296 likes
हम भी दरिया हैं हमें अपना हुनर मालूम है जिस तरफ़ भी चल पड़ेंगे रास्ता हो जाएगा
Bashir Badr
373 likes
जो ख़ानदानी रईस हैं वो मिज़ाज रखते हैं नर्म अपना तुम्हारा लहजा बता रहा है, तुम्हारी दौलत नई नई है
Shabeena Adeeb
368 likes
मैं अगर अपनी जवानी के सुना दूँ क़िस्से ये जो लौंडे हैं मेरे पाँव दबाने लग जाए
Mehshar Afridi
136 likes
More from Shadab Shabbiri
उस सेे मिल कर ख़ुशी हुई थी मुझे और फिर देर तक उदासी थी
Shadab Shabbiri
0 likes
तपिश थी उस परी पैकर की ऐसी बताने में पसीना आ रहा है
Shadab Shabbiri
0 likes
ज़िन्दगी भर यही इक काम किया है मैं ने अपने दुख दर्द को नीलाम किया है मैं ने जुर्म समझा है जिसे अहले-ख़िरद ने शादाब हाँ वही जुर्म सरे-आम किया है मैं ने
Shadab Shabbiri
0 likes
शौक़-ए-मंज़िल में चलता रहता हूँ पड़ता रहता है आबला दिल में
Shadab Shabbiri
0 likes
ज़मीं नीचे न ऊपर आसमाँ है कहाँ हम लोग लाए जा रहे हैं
Shadab Shabbiri
0 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Shadab Shabbiri.
Similar Moods
More moods that pair well with Shadab Shabbiri's sher.







