बा'द मुद्दत वो मिलने आते हैं ख़्वाब पहले दिखाए जाते हैं फ़ासले याद के सबब तो हैं हाँ मगर दिल बहुत जलाते हैं
Related Sher
बात करो रूठे यारों से सन्नाटों से डर जाते हैं प्यार अकेला जी लेता है दोस्त अकेले मर जाते हैं
Kumar Vishwas
141 likes
हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो
Jaun Elia
563 likes
मुझ को भी उन्हीं में से कोई एक समझ ले कुछ मसअले होते हैं ना जो हल नहीं होते
Ali Zaryoun
126 likes
मेरे आँसू नहीं थम रहे कि वो मुझ सेे जुदा हो गया और तुम कह रहे हो कि छोड़ो अब ऐसा भी क्या हो गया मय-कदों में मेरी लाइनें पढ़ते फिरते हैं लोग मैं ने जो कुछ भी पी कर कहा फ़लसफ़ा हो गया
Tehzeeb Hafi
388 likes
हम भी दरिया हैं हमें अपना हुनर मालूम है जिस तरफ़ भी चल पड़ेंगे रास्ता हो जाएगा
Bashir Badr
373 likes
More from Shan Sharma
मुझे अच्छा नहीं लगता ये कहना हमनवाई में हुआ पर है बहुत नुक़सान तुझ सेे आशनाई में दिया है वक़्त जितना इक तिरी इस चाह को मैं ने ख़ुदा मिल जाता है इतने दिनों की पारसाई में
Shan Sharma
0 likes
ज़ख़्म तुझ को नवाज़ दूँ भी गर पर न धोखा मैं दिलरुबा दूँगा
Shan Sharma
0 likes
ये ख़ुशी सिगरटें समझती हैं छोड़ता सोग आसमाँ पर मैं
Shan Sharma
1 likes
मना करते उसे थे जो वही वो कर दिखाती थी मैं सूरज को उगाता था वो रातें खींच लाती थी अभी भी तुम में ज़िंदा है वही बेबाक़ सी लड़की ज़माने के उसूलों पे जो खुल के मुस्कुराती थी
Shan Sharma
0 likes
सब्र का फल रहा न शीरीं अब देर की तो न गाड़ियाँ ठहरी
Shan Sharma
1 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Shan Sharma.
Similar Moods
More moods that pair well with Shan Sharma's sher.







