चलो हम आज दोनों दीद करते हैं गले मिल कर कहीं हम ईद करते हैं
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हम भी दरिया हैं हमें अपना हुनर मालूम है जिस तरफ़ भी चल पड़ेंगे रास्ता हो जाएगा
Bashir Badr
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तुम्हें हम भी सताने पर उतर आएँ तो क्या होगा तुम्हारा दिल दुखाने पर उतर आएँ तो क्या होगा हमें बदनाम करते फिर रहे हो अपनी महफ़िल में अगर हम सच बताने पर उतर आएँ तो क्या होगा
Santosh S Singh
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जो ख़ानदानी रईस हैं वो मिज़ाज रखते हैं नर्म अपना तुम्हारा लहजा बता रहा है, तुम्हारी दौलत नई नई है
Shabeena Adeeb
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माना कि तेरी दीद के क़ाबिल नहीं हूँ मैं तू मेरा शौक़ देख मिरा इंतिज़ार देख
Allama Iqbal
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देखो हम कोई वहशी नहीं दीवाने हैं तुम सेे बटन खुलवाने नहीं लगवाने हैं
Varun Anand
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तिरे ही साथ रह कर मैं ने देखा था तिरे कानों में झुमके अच्छे लगते हैं
Mohammad Bilal
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पता होता तो ऐसा भी मैं कर जाता कभी वापस नहीं अपने मैं घर जाता मोहब्बत ने नया पागल बनाया था सही होता अलग हो कर मैं मर जाता
Mohammad Bilal
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वक़्त जब तक सही नहीं होता कोई हँस कर गले नहीं लगता
Mohammad Bilal
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बुरा कुछ नहीं है मगर जा रही है हमारी सभी पर नज़र जा रही है हवा और हम पीछे बस चल रहे हैं मोहब्बत हमारी जिधर जा रही है
Mohammad Bilal
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पास रहने को तो घर भी है मगर तेरे दिल में रहना अच्छा लगता है
Mohammad Bilal
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