इस तरह रोते हैं हम याद तुझे करते हुए जैसे तू होता तो सीने से लगा लेता हमें
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किसी को घर से निकलते ही मिल गई मंज़िल कोई हमारी तरह उम्र भर सफ़र में रहा
Ahmad Faraz
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मुझ से मत पूछो के उस शख़्स में क्या अच्छा है अच्छे अच्छों से मुझे मेरा बुरा अच्छा है किस तरह मुझ से मुहब्बत में कोई जीत गया ये न कह देना के बिस्तर में बड़ा अच्छा है
Tehzeeb Hafi
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हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो
Jaun Elia
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कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
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ये अलग बात कि ख़ामोश खड़े रहते हैं फिर भी जो लोग बड़े हैं, वो बड़े रहते हैं
Rahat Indori
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इक अव्वल दर्जे का पाक इक माहिर है मन तो तुझ में रमता है दिल काफ़िर फिर है अपनी सोचो क़त्ल तुम्हें करना भी है बन्दे का तो क्या है बन्दा हाज़िर है
Vikram Gaur Vairagi
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कूज़ा-गर मिल गया तो पूछूँगा मेरी मिट्टी कहाँ से लाया था
Vikram Gaur Vairagi
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टूटी चीज़ों को बदल दें था बेहतर वरना तू जो चाहता तो दोबारा बना लेता हमें इस तरह रोते हैं याद करते हुए हम तुझे जैसे तू होता तो सीने से लगा लेता हमें
Vikram Gaur Vairagi
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टूटी चीज़ों को बदल देना था बेहतर वरना तू अगर चाहता दोबारा बना लेता हमें
Vikram Gaur Vairagi
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यूँँ बे-तरतीब ज़ख़्मों ने बताया राज़ क़ातिल का सलीक़े से जो मेरा क़त्ल गर होता तो क्या होता
Vikram Gaur Vairagi
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