तू परिंदा है किसी शाख़ को घर कर लेगा जो तेरे हिज्र का मारा है किधर जाएगा
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शायद मुझे किसी से मोहब्बत नहीं हुई लेकिन यक़ीन सब को दिलाता रहा हूँ मैं
Jaun Elia
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किसी को घर से निकलते ही मिल गई मंज़िल कोई हमारी तरह उम्र भर सफ़र में रहा
Ahmad Faraz
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गले मिलना न मिलना तो तेरी मर्ज़ी है लेकिन तेरे चेहरे से लगता है तेरा दिल कर रहा है
Tehzeeb Hafi
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ख़्बाब आँखों में बंद कर लेते बात गर दिल की चंद कर लेते आप भी हो ही जाते दीवाने गर किसी को पसंद कर लेते
Sandeep Thakur
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इक रोज़ खेल खेल में हम उस के हो गए और फिर तमाम उम्र किसी के नहीं हुए
Vipul Kumar
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किसी ने अपने मुक़द्दर का रोना रोते हुए किसी के कार्ड के बोसे सँभल-सँभल के लिए
Shadab Javed
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अगर तू ख़ुश है मेरी हार से तो मेरी हर जीत से नफ़रत है मुझ को
Shadab Javed
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मैं पहले झूठ पर हकलाया उस सेे फिर उस के बा'द माहिर हो गया था
Shadab Javed
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ख़बर मिली है स्टेशन पर तुम भी आने वाली हो रेल को पीछे छोड़ दीया है साँसों की रफ़्तारों ने
Shadab Javed
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ता'रीफ़ सुन रहा हूँ बहुत तेरे हाथ की साक़ी मेरे लिए भी ज़रा सी निकाल दे
Shadab Javed
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