us ne barish mein bhi khidki khol ke dekha nahin bhigne walon ko kal kya kya pareshani hui
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तुम्हें हुस्न पर दस्तरस है मोहब्बत वोहब्बत बड़ा जानते हो तो फिर ये बताओ कि तुम उस की आँखों के बारे में क्या जानते हो ये जुग़राफ़िया फ़ल्सफ़ा साईकॉलोजी साइंस रियाज़ी वग़ैरा ये सब जानना भी अहम है मगर उस के घर का पता जानते हो
Tehzeeb Hafi
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हम ने उस को इतना देखा जितना देखा जा सकता था लेकिन फिर भी दो आँखों से कितना देखा जा सकता था
Farrukh Yar
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हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो
Jaun Elia
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किसी को घर से निकलते ही मिल गई मंज़िल कोई हमारी तरह उम्र भर सफ़र में रहा
Ahmad Faraz
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बिछड़ कर उस का दिल लग भी गया तो क्या लगेगा वो थक जाएगा और मेरे गले से आ लगेगा मैं मुश्किल में तुम्हारे काम आऊँ या ना आऊँ मुझे आवाज़ दे लेना तुम्हें अच्छा लगेगा
Tehzeeb Hafi
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वो इंतिक़ाम की आतिश थी मेरे सीने में मिला न कोई तो ख़ुद को पछाड़ आया हूँ
Jamal Ehsani
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न वो हसीन न मैं ख़ूब-रू मगर इक साथ हमें जो देख ले वो देखता ही रह जाए
Jamal Ehsani
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याद रखना ही मोहब्बत में नहीं है सब कुछ भूल जाना भी बड़ी बात हुआ करती है
Jamal Ehsani
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आँखों से अब वो ख़्वाब को निस्बत नहीं रही इक उम्र हो गई ये समुंदर ख़राब है
Jamal Ehsani
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आगाह मैं चराग़ जलाते ही हो गया दुनिया मिरे हिसाब से बढ़ कर ख़राब है
Jamal Ehsani
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