आज फिर चुनाव होगा आज फिर तनाव होगा
Related Sher
ये अलग बात कि ख़ामोश खड़े रहते हैं फिर भी जो लोग बड़े हैं, वो बड़े रहते हैं
Rahat Indori
484 likes
वो नहीं मेरा मगर उस से मोहब्बत है तो है ये अगर रस्मों रिवाजों से बग़ावत है तो है
Deepti Mishra
102 likes
आज देखा है तुझ को देर के बा'द आज का दिन गुज़र न जाए कहीं
Nasir Kazmi
102 likes
कोई इतना प्यारा कैसे हो सकता है फिर सारे का सारा कैसे हो सकता है तुझ सेे जब मिल कर भी उदासी कम नहीं होती तेरे बग़ैर गुज़ारा कैसे हो सकता है
Jawwad Sheikh
163 likes
तुम्हें हम भी सताने पर उतर आएँ तो क्या होगा तुम्हारा दिल दुखाने पर उतर आएँ तो क्या होगा हमें बदनाम करते फिर रहे हो अपनी महफ़िल में अगर हम सच बताने पर उतर आएँ तो क्या होगा
Santosh S Singh
339 likes
More from Abdulla Asif
एक फ़न है बिखर जाना और मैं उस्ताद हूँ इस में
Abdulla Asif
4 likes
ज़हर ने उस को ज़िंदगी दे दी वरना सुकरात मर गया होता
Abdulla Asif
0 likes
तुम्हारे शहर में चलती है नफ़रतों की हवा हमारे गाँव का मौसम अभी सुहाना है
Abdulla Asif
5 likes
इक मसीहा जन्म लेने जा रहा है मरयमों के हाथ काटे जा रहे हैं
Abdulla Asif
0 likes
छोड़ पुरानी बातें वर्ना हम दोनों शर्मिंदा होंगे
Abdulla Asif
5 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Abdulla Asif.
Similar Moods
More moods that pair well with Abdulla Asif's sher.







