आँख से जब पानी बहता है दिल तब जाके सच कहता है अपना दिल भी है कैसा दिल हर पल बस रोता रहता है
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तुम्हें हुस्न पर दस्तरस है मोहब्बत वोहब्बत बड़ा जानते हो तो फिर ये बताओ कि तुम उस की आँखों के बारे में क्या जानते हो ये जुग़राफ़िया फ़ल्सफ़ा साईकॉलोजी साइंस रियाज़ी वग़ैरा ये सब जानना भी अहम है मगर उस के घर का पता जानते हो
Tehzeeb Hafi
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बिछड़ गए तो ये दिल उम्र भर लगेगा नहीं लगेगा लगने लगा है मगर लगेगा नहीं नहीं लगेगा उसे देख कर मगर ख़ुश है मैं ख़ुश नहीं हूँ मगर देख कर लगेगा नहीं
Umair Najmi
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शायद मुझे किसी से मोहब्बत नहीं हुई लेकिन यक़ीन सब को दिलाता रहा हूँ मैं
Jaun Elia
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हम ने उस को इतना देखा जितना देखा जा सकता था लेकिन फिर भी दो आँखों से कितना देखा जा सकता था
Farrukh Yar
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मेहरबाँ हम पे हर इक रात हुआ करती थी आँख लगते ही मुलाक़ात हुआ करती थी हिज्र की रात है और आँख में आँसू भी नहीं ऐसे मौसम में तो बरसात हुआ करती थी
Ismail Raaz
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तेरे बिन दिल उदास रहता है इस लिए तेरे पास रहता है
Govind kumar
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ज़िंदगी अच्छे से जीने का तरीक़ा आ गया जब से चुप रहने का, सुनने का सलीक़ा आ गया
Govind kumar
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गाड़ी अपनी थी पर सामान पराया था या'नी इस चोरी में नुक़सान पराया था
Govind kumar
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यूँँ तो जान चला जाता हूँ तुझ सेे दूर मगर इस दिल से तेरी बातों का जाल नहीं जाता
Govind kumar
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क्यूँ बदन ने तिरा ग़म नकारा नहीं जानकर भी, तू दिल से हमारा नहीं
Govind kumar
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