आता है मुझे फ़ासले से इश्क़ ब-ख़ूब वो चाँद मिरी पहली मोहब्बत थी सनम
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मैं भी इक शख़्स पे इक शर्त लगा बैठा था तुम भी इक रोज़ इसी खेल में हारोगे मुझे ईद के दिन की तरह तुम ने मुझे ज़ाया' किया मैं समझता था मुहब्बत से गुज़ारोगे मुझे
Ali Zaryoun
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हमारे बा'द तेरे इश्क़ में नए लड़के बदन तो चू मेंगे ज़ुल्फ़ें नहीं सँवारेंगे
Vikram Gaur Vairagi
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शायद मुझे किसी से मोहब्बत नहीं हुई लेकिन यक़ीन सब को दिलाता रहा हूँ मैं
Jaun Elia
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तरीक़े और भी हैं इस तरह परखा नहीं जाता चराग़ों को हवा के सामने रक्खा नहीं जाता मोहब्बत फ़ैसला करती है पहले चंद लम्हों में जहाँ पर इश्क़ होता है वहाँ सोचा नहीं जाता
Abrar Kashif
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बिछड़ कर उस का दिल लग भी गया तो क्या लगेगा वो थक जाएगा और मेरे गले से आ लगेगा मैं मुश्किल में तुम्हारे काम आऊँ या ना आऊँ मुझे आवाज़ दे लेना तुम्हें अच्छा लगेगा
Tehzeeb Hafi
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तू भी ग़म-ए-हयात का है मारा और मैं भी चल इश्क़ छोड़ दर्द का रिश्ता बनाते हैं
Chetan Verma
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उस शहर-ए-नाकाम के बाशिंदे हैं हम जहाँ मिल कर के मुर्दे सभी ज़िंदा को दफ़नाते हैं
Chetan Verma
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लोग सोने को बिस्तर नहीं अब बदन ढूँढ़ते हैं बस मसलने के मक़सद से वहशी चमन ढूँढ़ते हैं हाल इन बेटियों का जहाँ में तिरे देखते जब रात सोने को हम भी ख़ुदाया कफ़न ढूँढ़ते हैं
Chetan Verma
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इस आसमाँ के ही सबब हम से हुई है हर ख़ता इस ने दिखाए ख़्वाब जैसे जानता कोई नहीं
Chetan Verma
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जग उठा हूँ रह-ए-ज़िंदा में सो जलना पड़े है मैं वगरना वो दिया हूँ जिसे ज़ुल्मत है पसंद
Chetan Verma
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