दिल लगा कर पता चला 'अशरफ़' फ़ाएदा कुछ भी दिल-लगी का नहीं
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इक हुनर है जो कर गया हूँ मैं सब के दिल से उतर गया हूँ मैं
Jaun Elia
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ज़िंदगी भर के लिए दिल पे निशानी पड़ जाए बात ऐसी न लिखो, लिख के मिटानी पड़ जाए
Aadil Rasheed
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किस ने दस्तक दी ये दिल पर कौन है आप तो अंदर हैं बाहर कौन है
Rahat Indori
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हम तो कुछ देर हँस भी लेते हैं दिल हमेशा उदास रहता है
Bashir Badr
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वो जिस पर उस की रहमत हो वो दौलत माँगता है क्या मोहब्बत करने वाला दिल मोहब्बत माँगते है क्या तुम्हारा दिल कहे जब भी उजाला बन के आ जाना कभी उगता हुआ सूरज इजाज़त माँगता है क्या
Ankita Singh
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यही वो दिन था कि तुझ को गले लगाया था यही वो दिन था कि ख़ुदस बिछड़ गए थे हम
Meem Maroof Ashraf
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ज़ुल्म जो भी किया गया हम पर सामने सब ख़ुदा के रखना है
Meem Maroof Ashraf
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सोचता हूँ क्या मिरा बनता ख़ुदा के सामने गर न होता या रसूल अल्लाह सहारा आप का
Meem Maroof Ashraf
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ब-फ़ैज़-ए-इश्क़ ही मुमकिन हुआ है ग़ज़ल कहनी जो आने लग गई है
Meem Maroof Ashraf
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कुछ भी हमारे साथ में अच्छा नहीं हुआ या'नी बुरा हुआ है ज़्यादा नहीं हुआ
Meem Maroof Ashraf
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