मैं ख़ुद से रूठा आप से हरगिज़ नहीं अब हिज्र से ही दोस्ती मेरी यहाँ
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बिछड़ गए तो ये दिल उम्र भर लगेगा नहीं लगेगा लगने लगा है मगर लगेगा नहीं नहीं लगेगा उसे देख कर मगर ख़ुश है मैं ख़ुश नहीं हूँ मगर देख कर लगेगा नहीं
Umair Najmi
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शायद मुझे किसी से मोहब्बत नहीं हुई लेकिन यक़ीन सब को दिलाता रहा हूँ मैं
Jaun Elia
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बिछड़ कर उस का दिल लग भी गया तो क्या लगेगा वो थक जाएगा और मेरे गले से आ लगेगा मैं मुश्किल में तुम्हारे काम आऊँ या ना आऊँ मुझे आवाज़ दे लेना तुम्हें अच्छा लगेगा
Tehzeeb Hafi
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हम वो हैं जो ख़ुदा को भूल गए तुम मेरी जान किस गुमान में हो
Jaun Elia
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देखो हम कोई वहशी नहीं दीवाने हैं तुम सेे बटन खुलवाने नहीं लगवाने हैं
Varun Anand
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ज़बाँ मीठी रखो या तल्ख़ तुम मगर सच कहने की आदत रखो
Lalit Mohan Joshi
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फ़र्द-ए-बशर हो तुम फ़क़त क्यूँँ बोलते हो तुम सक़त मग़रूर हो ख़ुद इल्म में ये ऐब क्यूँँ लाए फ़क़त
Lalit Mohan Joshi
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पाप का इक मैं दरिया ही हूँ डूबकर आप तर जाइए
Lalit Mohan Joshi
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वक़्त की अब चोट हम को रास ऐसे आ गई है जबसे जीने की नई फिर आस जैसे आ गई है ज़िंदगी ज़िंदा रहे गर फूल तब पाएँगे खिल बात हम में ऐसी देखो यार कैसे आ गई है
Lalit Mohan Joshi
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प्यार की सब को ही तलब है यहाँ तो पर कभी क्या भूखे को खाना मिला है
Lalit Mohan Joshi
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