wo subh-e-id ka manzar tere tasawwur mein wo dil mein aa ke ada tere muskurane ki
Related Sher
शाख़ों से टूट जाएँ वो पत्ते नहीं हैं हम आँधी से कोई कह दे कि औक़ात में रहे
Rahat Indori
435 likes
कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
521 likes
तेरी सूरत से है आलम में बहारों को सबात तेरी आँखों के सिवा दुनिया में रक्खा क्या है
Faiz Ahmad Faiz
401 likes
हम को मालूम है जन्नत की हक़ीक़त लेकिन दिल के ख़ुश रखने को 'ग़ालिब' ये ख़याल अच्छा है
Mirza Ghalib
489 likes
सोचूँ तो सारी उम्र मोहब्बत में कट गई देखूँ तो एक शख़्स भी मेरा नहीं हुआ
Jaun Elia
545 likes
More from Fani Badayuni
उम्मीद के वादों से जी कुछ तो बहलता था अब ये भी तेरे ग़म को मंज़ूर नहीं होते
Fani Badayuni
0 likes
ना-उमीदी मौत से कहती है अपना काम कर आस कहती है ठहर ख़त का जवाब आने को है
Fani Badayuni
14 likes
अब न काँटों ही से कुछ लाग न फूलों से लगाओ हम ने देखा है तमाशा तेरी रा'नाई का
Fani Badayuni
0 likes
इक मुअम्मा है समझने का न समझाने का ज़िन्दगी काहे को है ख़्वाब है दीवाने का
Fani Badayuni
14 likes
हर मुसीबत का दिया एक तबस्सुम से जवाब इस तरह गर्दिश-ए-दौराँ को रुलाया मैं ने
Fani Badayuni
14 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Fani Badayuni.
Similar Moods
More moods that pair well with Fani Badayuni's sher.







