ये सोचते हुए ही तो मुरझा गए हैं हम गर हम सेफ़र नहीं तो तेरे क्या लगे हैं हम
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कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
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ये अलग बात कि ख़ामोश खड़े रहते हैं फिर भी जो लोग बड़े हैं, वो बड़े रहते हैं
Rahat Indori
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शाख़ों से टूट जाएँ वो पत्ते नहीं हैं हम आँधी से कोई कह दे कि औक़ात में रहे
Rahat Indori
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हमारे बा'द तेरे इश्क़ में नए लड़के बदन तो चू मेंगे ज़ुल्फ़ें नहीं सँवारेंगे
Vikram Gaur Vairagi
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मेरे आँसू नहीं थम रहे कि वो मुझ सेे जुदा हो गया और तुम कह रहे हो कि छोड़ो अब ऐसा भी क्या हो गया मय-कदों में मेरी लाइनें पढ़ते फिरते हैं लोग मैं ने जो कुछ भी पी कर कहा फ़लसफ़ा हो गया
Tehzeeb Hafi
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पहले बेचारी आँखों के निखार उतरते होंगे तब जा कर इन आँखों से त्योहार उतरते होंगे
Aarush Sarkaar
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सामने वो यूँँ मिरे डब्बा टिफ़िन का रखती थी जैसे थाली खाने की बीवी लगाकर देती है बाग के सब फूल मालन मुरझा ना जाएँ यूँ भी तू नज़र नईं डाले, बस पानी लगाकर देती है
Aarush Sarkaar
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मत कहो मिरे हमदम ये कि राएगाँ हो तुम इक जहाँ के बंदे का, यार दो जहाँ हो तुम
Aarush Sarkaar
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उस एक चेहरे पर रफ़ीक़ सुब्ह का ख़िताब है ज़बीं है आसमान और बिंदिया आफ़ताब है
Aarush Sarkaar
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कुँए में चलो कूद जाते हैं दोनों तभी इस ज़माने को राहत बचेगी
Aarush Sarkaar
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