आँख में तिरे जो ये हमेशा चेहरा दिखता है मेरा था नहीं कभी वो और ही किसी का है
Related Sher
चाँदी सोना एक तरफ़ तेरा होना एक तरफ़ एक तरफ़ तेरी आँखें जादू टोना एक तरफ़
Gyan Prakash Akul
555 likes
कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
521 likes
शाख़ों से टूट जाएँ वो पत्ते नहीं हैं हम आँधी से कोई कह दे कि औक़ात में रहे
Rahat Indori
435 likes
सोचूँ तो सारी उम्र मोहब्बत में कट गई देखूँ तो एक शख़्स भी मेरा नहीं हुआ
Jaun Elia
545 likes
तेरी सूरत से है आलम में बहारों को सबात तेरी आँखों के सिवा दुनिया में रक्खा क्या है
Faiz Ahmad Faiz
401 likes
More from Subhadeep Chattapadhay
ज़रा पेड़ को और सूखा बना दूँ गरजते दिखा मेघ भूखा बना दूँ
Subhadeep Chattapadhay
1 likes
रह गया इस ज़मीं में कहीं तन्हा मैं थे मरे तुम कहाँ वो मुझे बोल दो
Subhadeep Chattapadhay
1 likes
मेरे दर खड़े क्यूँँ है साथी सभी मेरे मरने की ये ख़बर किस ने दी
Subhadeep Chattapadhay
1 likes
जल गए वो सभी जिन को थी इक ज़बाँ मैं ही क्यूँ बच गया वो मुझे बोल दो
Subhadeep Chattapadhay
1 likes
मुसाहिब ने मोहब्बत लिख दिया बारिश के होने पर न जाने किस सड़क मुफ़लिस गया ढह घुप्प कोने पर
Subhadeep Chattapadhay
2 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Subhadeep Chattapadhay.
Similar Moods
More moods that pair well with Subhadeep Chattapadhay's sher.







