जंग या मुहब्बत में है अगर जो सब जायज़ क़त्ल करते हम उन का शा'इरी नहीं करते
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कोई दिक़्क़त नहीं है गर तुम्हें उलझा सा लगता हूँ मैं पहली मर्तबा मिलने में सब को ऐसा लगता हूँ ज़रूरी तो नहीं हम साथ हैं तो कोई चक्कर हो वो मेरी दोस्त है और मैं उसे बस अच्छा लगता हूँ
Ali Zaryoun
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तुम्हें हुस्न पर दस्तरस है मोहब्बत वोहब्बत बड़ा जानते हो तो फिर ये बताओ कि तुम उस की आँखों के बारे में क्या जानते हो ये जुग़राफ़िया फ़ल्सफ़ा साईकॉलोजी साइंस रियाज़ी वग़ैरा ये सब जानना भी अहम है मगर उस के घर का पता जानते हो
Tehzeeb Hafi
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शाख़ों से टूट जाएँ वो पत्ते नहीं हैं हम आँधी से कोई कह दे कि औक़ात में रहे
Rahat Indori
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सोचूँ तो सारी उम्र मोहब्बत में कट गई देखूँ तो एक शख़्स भी मेरा नहीं हुआ
Jaun Elia
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तेरी सूरत से है आलम में बहारों को सबात तेरी आँखों के सिवा दुनिया में रक्खा क्या है
Faiz Ahmad Faiz
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क्या हुआ है अगर ये अगर हो रहा इश्क़ में एक लड़का निडर हो रहा जबसे पढ़ने लगा हूँ मैं आँखें तेरी अब सिलेबस भी मेरा कवर हो रहा
Kuldeep Tripathi KD
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मौत आई तो डाँट खाएगी इतनी भी कोई देर करता है
Kuldeep Tripathi KD
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बेटा हो या हो बेटी बराबर हैं सब याद तब आया जब उन को बेटी हुई
Kuldeep Tripathi KD
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दिए हैं ज़ख़्म कितने ज़िन्दगी ने भी फ़क़त महबूब ही क़ातिल नहीं मेरा
Kuldeep Tripathi KD
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हुई ग़लती यही कह कर वो लहजा भूल जाते हैं चढ़ा लो सर जिन्हें अक्सर वो लहजा भूल जाते हैं दरख़्तों को दिया पानी बुझाई प्यास भी उन की मगर बरसात को पाकर वो लहजा भूल जाते हैं
Kuldeep Tripathi KD
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