हाजमा हो तो तेरे जैसा हो क़स में वादे पचा के बैठी है
Related Sher
किसी गली में किराए पे घर लिया उस ने फिर उस गली में घरों के किराए बढ़ने लगे
Umair Najmi
162 likes
क्यूँ डरें ज़िन्दगी में क्या होगा कुछ न होगा तो तजरबा होगा
Javed Akhtar
156 likes
मिले किसी से गिरे जिस भी जाल पर मेरे दोस्त मैं उस को छोड़ चुका उस के हाल पर मेरे दोस्त ज़मीं पे सबका मुक़द्दर तो मेरे जैसा नहीं किसी के साथ तो होगा वो कॉल पर मेरे दोस्त
Ali Zaryoun
157 likes
हज़ारों साल नर्गिस अपनी बे-नूरी पे रोती है बड़ी मुश्किल से होता है चमन में दीदा-वर पैदा
Allama Iqbal
207 likes
अगर तुम हो तो घबराने की कोई बात थोड़ी है ज़रा सी बूँदा-बाँदी है बहुत बरसात थोड़ी है ये राह-ए-इश्क़ है इस में क़दम ऐसे ही उठते हैं मोहब्बत सोचने वालों के बस की बात थोड़ी है
Abrar Kashif
221 likes
More from Marghoob Inaam Majidi
तीसरा शख़्स मेरा मसला था तीसरा शख़्स मैं ही निकला था
Marghoob Inaam Majidi
1 likes
कितना दिलकश था वो ज़माना भी ईद थी छत पे तेरा आना भी
Marghoob Inaam Majidi
1 likes
देख कर ग़ौर से गुज़र जाना कैसे सीखा है ये हुनर जाना
Marghoob Inaam Majidi
1 likes
रेज़ा-रेज़ा हो गए हैं और क्या अपने धुन में खो गए हैं और क्या कह रहा है बे-रुख़ी करते हैं हम तेरे जैसे हो गए हैं और क्या
Marghoob Inaam Majidi
3 likes
रौशनी भाती नहीं आँखों को चाँदनी रात से डर लगता है
Marghoob Inaam Majidi
3 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Marghoob Inaam Majidi.
Similar Moods
More moods that pair well with Marghoob Inaam Majidi's sher.







