सूरज, सितारे, चाँद, जुगनू, सब के सब उस चेहरे के आगे फीके लगते हैं जब प्यार हो जाए किसी को तब उसे कड़वे करेले मीठे लगने लगते हैं
Related Sher
दिन ढल गया और रात गुज़रने की आस में सूरज नदी में डूब गया, हम गिलास में
Rahat Indori
124 likes
मुरली छूटी शंख बजा रास तजा फिर युद्ध सजा क्या पीछे क्या आगे है सब कुछ राधे राधे है
Zubair Ali Tabish
118 likes
वो मेरे चेहरे तक अपनी नफरतें लाया तो था मैं ने उस के हाथ चू में और बेबस कर दिया
Waseem Barelvi
101 likes
तन्हाई ये तंज करे है तन्हा क्यूँ है यार कहाँ है आगे पीछे चलने वाले
Vishal Singh Tabish
62 likes
ईद का चाँद तुम ने देख लिया चाँद की ईद हो गई होगी
Idris Azad
87 likes
More from Prit
थोड़ा उलझे मसाइल-ए-दिल में कुछ परेशाँ दिमाग़ ने किया था रात से जंग जीत जाते मगर ये अँधेरा चराग़ ने किया था
Prit
0 likes
पहले मूरत में प्राण डाले फिर आदमी आप हो गया पत्थर
Prit
0 likes
उसे हर वक़्त करता हूँ महसूस वो जिसे आज तक छुआ ही नहीं
Prit
0 likes
पास थे हम मगर कुछ ऐसे थे जनवरी थी वो मैं दिसंबर था
Prit
0 likes
हुस्न की इक परी है जान मेरी सो रक़ीब आसमान है मेरा
Prit
0 likes
Similar Writers
Our suggestions based on Prit.
Similar Moods
More moods that pair well with Prit's sher.







