ज़रा सोचो कि मेरा दिल सभी का है, सियासत है
Related Sher
हम को दिल से भी निकाला गया फिर शहर से भी हम को पत्थर से भी मारा गया फिर ज़हरस भी
Azm Shakri
157 likes
हम तो कुछ देर हँस भी लेते हैं दिल हमेशा उदास रहता है
Bashir Badr
114 likes
माना कि तेरी दीद के क़ाबिल नहीं हूँ मैं तू मेरा शौक़ देख मिरा इंतिज़ार देख
Allama Iqbal
296 likes
दिल ना-उमीद तो नहीं नाकाम ही तो है लंबी है ग़म की शाम मगर शाम ही तो है
Faiz Ahmad Faiz
267 likes
आज तो दिल के दर्द पर हँस कर दर्द का दिल दुखा दिया मैं ने
Zubair Ali Tabish
110 likes
More from "Nadeem khan' Kaavish"
मिला था जिस बग़ीचे में वो अब शमशान लगता है मुहब्बत ने ये कैसे दिन दिखाए हैं मुहब्बत में
"Nadeem khan' Kaavish"
1 likes
है जन्नत में सारी ही नेमत ख़ुदा की मुझे भी बताओ ये जन्नत कहाँ है
"Nadeem khan' Kaavish"
1 likes
मेरी बातों में नहीं आएगा चाँद रातों में नहीं आएगा जिस के हाथों में लिखा हूँ मैं, वो मेरे हाथों में नहीं आएगा
"Nadeem khan' Kaavish"
2 likes
जिस के हाथों में लिखा हूँ मैं, वो मेरे हाथों में नहीं आएगा
"Nadeem khan' Kaavish"
2 likes
मेरी बातों में नहीं आएगा चाँद रातों में नहीं आएगा
"Nadeem khan' Kaavish"
2 likes
Similar Writers
Our suggestions based on "Nadeem khan' Kaavish".
Similar Moods
More moods that pair well with "Nadeem khan' Kaavish"'s sher.







