ज़माने भर का वो यूँँ तो हिसाब रखता है हमारे हाल की उस को ख़बर नहीं होती
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हमारे बा'द तेरे इश्क़ में नए लड़के बदन तो चू मेंगे ज़ुल्फ़ें नहीं सँवारेंगे
Vikram Gaur Vairagi
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तेरे लगाए हुए ज़ख़्म क्यूँँ नहीं भरते मेरे लगाए हुए पेड़ सूख जाते हैं
Tehzeeb Hafi
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मुद्दतें गुज़र गई 'हिसाब' नहीं किया न जाने अब किस के कितने रह गए हम
Kumar Vishwas
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यूँँ जो तकता है आसमान को तू कोई रहता है आसमान में क्या
Jaun Elia
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हाल न पूछो मोहन का सब कुछ राधे राधे है
Zubair Ali Tabish
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उस ने माँगा नहीं कुछ और जुदाई के सिवा लेकिन अब उस को मैं इनकार नहीं कर सकता
Wajid Husain Sahil
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वो हाथों से निकलते जा रहे हैं जिन्हें सर पे बिठाना चाहता हूँ
Wajid Husain Sahil
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मुझ से वो बोलता नहीं लेकिन मेरे बारे में बोलता है बहुत
Wajid Husain Sahil
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सवाल अपनी अना का जहाँ भी आ जाए वहाँ पे सर नहीं पगड़ी बचानी पड़ती है
Wajid Husain Sahil
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वो फिर सताने लगे याद हम को आ कर के जिन्हें भुलाया था हम ने खु़दा- ख़ुदा कर के
Wajid Husain Sahil
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